सिद्ध बाबा इंटर कॉलेज चार शिक्षकों के भरोसे 1280 छात्र, फिर भी शिक्षा व्यवस्था अनुकरणीय
आसफपुर से दानवीर सिंह की रिपोर्ट
बिसौली-क्षेत्र गांव शरह बरौलिया में स्थित सिद्ध बाबा इंटर कॉलेज, शरह बरौलिया ने सीमित संसाधनों के बावजूद शिक्षा के क्षेत्र में एक मिसाल कायम की है। विद्यालय में कुल 1280 छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं, जबकि अध्यापन कार्य के लिए माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड से प्रधानाचार्य व मात्र तीन अध्यापक ही कार्यरत हैं।
इतने कम स्टाफ के बावजूद विद्यालय का शैक्षणिक माहौल और अनुशासन सराहनीय है।प्रधानाचार्य राजकुमार शर्मा के नेतृत्व में समय-सारिणी के अनुसार सभी कक्षाओं में नियमित पठन-पाठन कराया जा रहा है। शिक्षकगण अतिरिक्त समय देकर पाठ्यक्रम को समय से पूर्ण कराने में जुटे हैं।
प्रधानाचार्य राजकुमार शर्मा ने कहना हैं हमारा मुख्य उद्देश्य बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। हमने विद्यालय को गुटबंदी से दूर रखकर केवल अनुशासन और पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित किया है। संसाधन कम हैं, लेकिन मनोबल ऊंचा है।
प्रबंधक अमित पाठक ने बताया, विद्यालय प्रबंधन छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर है। वेहतर शिक्षा का परिणाम है कि विद्यालय का एक छात्र जनपद की हाईस्कूल परीक्षा में टॉप-10 में स्थान प्राप्त कर चुका है। यह हमारे अध्यापकों की मेहनत और बच्चों की लगन का परिणाम है।
स्थानीय अभिभावकों एवं ग्रामीणों का कहना है कि कम शिक्षक होने के बाद भी इस विद्यालय का परीक्षा परिणाम एवं अनुशासन बेहतर है।


