
दरगाह आला हज़रत बरेली
28 जुलाई 2026
*उर्स-ए-रज़वी: दरगाह प्रमुख ने जारी किया तीन दिवसीय कार्यक्रम।*
बरेली,आला हज़रत फ़ाज़िले बरेलवी का 108 वा उर्से रज़वी बरेली में 06,07,08 अगस्त को मनाया जाएगा। उर्स की सभी रस्में दरगाह प्रमुख हज़रत मौलाना अल्हाज़ सुब्हान रज़ा खान (सुब्हानी मियां) की सरपरस्ती व सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रज़ा क़ादरी(अहसन मियां) की सदारत और सय्यद आसिफ मियां की निगरानी में दरगाह परिसर व इस्लामिया मैदान में अदा की जाएगी। दरगाह प्रमुख हज़रत सुब्हानी मियां ने आज उर्स का तीन दिवसीय कार्यक्रम दरगाह पर जारी कर दिया। मीडिया प्रभारी नासिर कुरैशी ने बताया कि उर्स का आगाज़ परचम कुशाई की रस्म से होगा। समापन 08 अगस्त को 2.38 मिनट पर कुल शरीफ के साथ होगा।
*06 अगस्त(जुमेरात):* सुबह बाद नमाज़ फ़ज़र कुरान ख्वानी। शाम 6 बजे इस्लामिया मैदान में परचम कुशाई की रस्म आगाज़। इससे पहले दोपहर में आजम नगर स्थित हाजी अल्लाह बख्श के निवास से परचमी जुलूस 4 बजे दरगाह के सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां की क़यादत में कुमार टाकीज,इंदिरा मार्केट होते हुए बिहारीपुर के ढाल के रास्ते दरगाह पहुँचेगा। यहाँ सलामी देने के बाद जुलूस दरगाह से दरगाह प्रमुख हज़रत सुब्हानी मियां की क़यादत में वापिस इस्लामिया मैदान पहुँचेगा। दुनियाभर के उलेमा की मौजूदगी में हज़रत सुब्हानी मियां यहाँ परचम कुशाई की रस्म अदा करेंगे। इसी के साथ उर्स का विधिवत ऐलान हो जाएगा। बाद नमाज़ ए मग़रिब महफ़िल ए मिलाद होगी। रात में 10 बजकर 35 मिनट पर आला हज़रत के बड़े साहिबजादे हुज्जातुल इस्लाम के कुल शरीफ की रस्म अदा होगी। इसके बाद नातिया मुशायरा हज़रत अहसन मियां की सदारत में मुफ़्ती आकिल रज़वी,मुफ्ती सलीम नूरी,मुफ्ती सय्यद कफील हाशमी,मुफ्ती मोइनुद्दीन,मुफ़्ती अनवर अली,मौलाना डॉक्टर एज़ाज़ अंजुम की निगरानी में शुरू होगा। मुफ्ती सलीम नूरी बरेलवी ने बताया कि मुशायरा का मिसरा तरही *सूरत देखो ज़ालिम की तो कैसी भोली भालि है।* देश विदेश के शायर इस मिसरे पर अपने-अपने कलाम पेश करेंगे। मुशायरा देर रात तक जारी रहेगा।
*07 अगस्त (जुमा)* बाद नमाज़-ए-फ़ज़्र कुरानख्वानी। सुबह 08 बजे *तहफ्फुज-ए-मज़हब-ओ-मसलक कांफ्रेस* होगी। सुबह 9.58 मिनट पर रेहाने मिल्लत के कुल शरीफ की रस्म अदा होगी। दिन में कार्यक्रम व चादरपोशी का सिलसिला जारी रहेगा। रात में दुनियाभर के मशहूर उलेमा की तक़रीर होगी। देर रात 1 बजकर 40 मिनट पर मुफ्ती आज़म-ए-हिन्द के कुल शरीफ की रस्म अदा होगी।
*08 अगस्त (हफ्ता)* बाद नमाज़-ए-फ़ज़्र कुरानख्वानी। सुबह 8 बजे से नात-ओ-मनकबत व तक़रीर का सिलसिला शुरू होगा। जो 2 बजकर 38 मिनट तक जारी रहेगा। आला हज़रत के कुल शरीफ के साथ तीन रोज़ा उर्स का समापन होगा।
पूरे उर्स की व्यवस्था की कमान सय्यद आसिफ मियां के नेतृत्व में राशिद अली खान,मौलाना ज़ाहिद रज़ा,मौलाना बशीर उल क़ादरी,हाजी जावेद खान,परवेज़ नूरी,अजमल नूरी,ताहिर अल्वी,शाहिद नूरी,औरंगजेब नूरी,मंज़ूर रज़ा,शान रज़ा,मुजाहिद बेग,सय्यद फैज़ान अली,अब्दुल माजिद रज़ा,यूनुस गद्दी,तारिक सईद,आलेनबी,इशरत नूरी,ज़ीशान कुरैशी,हाजी अब्बास नूरी,सय्यद माजिद अली,सय्यद एज़ाज़,काशिफ रज़ा,फ़ारूक़ खान,साजिद नूरी,गौहर खान,जोहिब रजा,सबलू अल्वी,आरिफ नूरी,अजमल खान,समी खान,सुहैल रज़ा,शाद रज़ा,अरबाज़ रज़ा,जावेद खान,अब्दुल माजिद,नाजिम रज़ा,अयान क़ुरैशी,साकिब रज़ा,रोमान रज़ा,हाजी शकील नूरी,फ़ैज़ कुरैशी,नईम नूरी,मुस्तक़ीम नूरी,इरशाद रज़ा,आसिम नूरी,अश्मीर रज़ा,सय्यद फरहत,ताहिर चिश्ती,मिर्जा जुनैद,गजाली रज़ा,कमाल आसिफ,ग्याज़ रज़ा,जावेद खान,नफीस खान,हाजी शारिक नूरी,हाजी अज़हर बेग,जुनैद चिश्ती,हस्सान नूरी,सय्यद रजब अली आदि के हाथों में रहेगी।
नासिर कुरैशी



