नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म के एक दोषी को 10 वर्ष के कठोर कारावास और चालीस हजार रुपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई गई है।
दातागंज से हुकुम सिंह की रिपोर्ट
बदायूं पुलिस की प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप 11 वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म के एक दोषी को 10 वर्ष के कठोर कारावास और 40,000 रुपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई गई है। यह फैसला माननीय न्यायालय विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम, बदायूँ द्वारा सुनाया गया।
यह मामला थाना अलापुर में मु0अ0सं0 263/2022 के तहत धारा 376AB भादवि व 5m/6 पोक्सो एक्ट के अंतर्गत पंजीकृत किया गया था। अभियुक्त की पहचान दिनेश उर्फ प्रधान पुत्र पप्पू निवासी म्याऊँ, थाना अलापुर, जनपद बदायूँ के रूप में हुई है।
विवेचक उप निरीक्षक धनन्जय पाण्डेय, थाना अलापुर, ने विवेचना पूर्ण कर माननीय न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया था। पुलिस महानिदेशक, उत्तर प्रदेश, द्वारा संचालित “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत इस मामले को चिन्हित किया गया।
अभियोजन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर, जनपद बदायूँ की मॉनीटरिंग सेल और पैरोकार आरक्षी विनय कुमार ने माननीय न्यायालय विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम, बदायूँ में सशक्त पैरवी की। इसी के परिणामस्वरूप, दिनांक 18 अप्रैल 2026 को न्यायालय ने अभियुक्त दिनेश उर्फ प्रधान को धारा 3/18 पोक्सो एक्ट के तहत दोषी मानते हुए यह सजा सुनाई।



